OMG ! अगर आपके घर में भी कोई है PUB-G का दीवाना, तो आज ही गेम को मोबाइल से करे डिलीट, कही आपके बच्चे भी ना समा जाये... अकाल मौत के काल में, भानपुरा के इस गांव से सामने आई दिल दहला देने वाली घटना

अगर आपके घर में भी कोई है PUB-G का दीवाना, तो आज ही गेम को मोबाइल से करे डिलीट, कही आपके बच्चे भी ना समा जाये... अकाल मौत के काल में, भानपुरा के इस गांव से सामने आई दिल दहला देने वाली घटना

OMG ! अगर आपके घर में भी कोई है PUB-G का दीवाना, तो आज ही गेम को मोबाइल से करे डिलीट, कही आपके बच्चे भी ना समा जाये... अकाल मौत के काल में, भानपुरा के इस गांव से सामने आई दिल दहला देने वाली घटना

मंदसौर। एक मासूम पब्जी खेल में इनता शुमार हो गया, कि उसने कब मौत हो गले लगा लिया, इसका किसी को पता नहीं नहीं चला। 

जानकारी के अनुसार जिले के भानपुरा थाना क्षेत्र के ग्राम लोटखेड़ी निवासी 12 वार्षीय पोते शुभम पिता योगेश जोशी ने अपने ही घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है। 

सुत्रों से मिली जानकारी के अनुसार सामने आाया है कि शुभम सुबह से शाम तक अपने मोबाइल फोन में पब्जी गेम खेलता था। गेम नहीं खेलने के लिए शुभम के माता-पिता ने कई बार उसे मना किया। लेकिन जब भी समय मिलता वह इस गेम खेलने लग जाता। गेम खेलते-खेलते कम शुभम डिप्रेशन में आ गया, इस बात का किसी को पता ही नहीं चला। और इसी डिपे्रशन के चलते शुभम ने आत्महत्या का कदम उठा लिया। 

एक कारण यह भी- 

कोरोना काल के चलते जहां एक और प्रदेश भर के स्कूलों में कक्षा एक से आठ तक अवकाश घोषित है, तो वहीं कक्षा आठ से बारहवीं तक के विधार्थियों को ऑनलाइन क्लासेस दी जा रही है। इस दौरान विधार्थी अधिकतम समय तक फ्री रहते है। ऐसे में वह अपने परिवार के साथ समय बिताने के अलावा मोबाइल का सहारा भी लेते है, और गेम खेलते में व्यस्त हो जाते है, और फिर अगर मोबाइल में पब्जी गेम हो, तो इसकी लत लगना आम लगना स्वभाविक बात है।