BIG NEWS : बंद कुटिया में ‘गायब’ संत… दरवाजा अंदर से लॉक, सबूत कमरे में, फिर भी पुलिस के खाली हाथ, जीरन के रामझर महादेव मंदिर में गहराया रहस्य ,जांच में हो सकता है खुलासा , पढ़े खबर

BIG NEWS : बंद कुटिया में ‘गायब’ संत… दरवाजा अंदर से लॉक, सबूत कमरे में, फिर भी पुलिस के खाली हाथ, जीरन के रामझर महादेव मंदिर में गहराया रहस्य ,जांच में हो सकता है खुलासा , पढ़े खबर

जीरन। शांत और आस्था से भरे माहौल के बीच आज सोमवार की सुबह रामझर महादेव मंदिर में घटी एक रहस्यमयी घटना ने पूरे क्षेत्र को हैरान और सन्न कर दिया। वर्षों से तपस्या में लीन संत संत कन्हैयालाल महाराज अपनी ही बंद कुटिया से अचानक ‘अदृश्य’ हो गए। यह घटना सिर्फ गुमशुदगी नहीं, बल्कि ऐसा रहस्य बन गई है जिसने हर किसी को सोचने पर मजबूर कर दिया है—क्या यह चमत्कार है या किसी गहरी साजिश की आहट?

सुबह का सन्नाटा और रहस्य की शुरुआत

हर दिन की तरह जब मंदिर के सेवादार संत को दूध देने पहुंचे, तो उन्होंने कुटिया के बाहर से आवाज लगाई। लेकिन अंदर से कोई जवाब नहीं आया। दरवाजे की सांकल अंदर से बंद थी, जिससे मामला और संदिग्ध हो गया। कुछ ही देर में मंदिर समिति के अन्य सदस्य भी मौके पर पहुंचे और सबकी मौजूदगी में दरवाजा तोड़ा गया। जैसे ही कुटिया का दरवाजा खुला, अंदर का नजारा देखकर सभी के होश उड़ गए।

कमरा बंद... संत गायब!

सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि: कुटिया का दरवाजा अंदर से बंद था, बाहर निकलने का कोई दूसरा रास्ता नहीं था, खिड़की तक मौजूद नहीं थी,इसके बावजूद संत का कहीं कोई सुराग नहीं मिला।

और तो और—

 उनका मोबाइल, खड़ाऊं, वस्त्र, झोला

 सहारे के लिए इस्तेमाल होने वाली लकड़ी (लाठी)

सब कुछ अंदर ही मिला… लेकिन संत खुद गायब!

क्या सच में ‘शून्य में विलीन’ हो गए?

पूरी कुटिया और ध्यान कक्ष की बारीकी से तलाशी ली गई, लेकिन संत का कोई निशान नहीं मिला। बिना लाठी के उनका चल पाना मुश्किल माना जाता था, फिर भी वे बिना कोई सामान लिए कैसे गायब हो गए—यह सवाल सबसे बड़ा रहस्य बन चुका है।

ग्रामीणों और श्रद्धालुओं के बीच चर्चा है कि क्या यह कोई अलौकिक घटना है? क्या संत तपस्या के दौरान किसी “दिव्य अवस्था” में लीन हो गए? या फिर इसके पीछे कोई ऐसी साजिश है, जो अभी सामने नहीं आई?

 पुलिस जांच में जुटी, रहस्य बरकरार

घटना की सूचना मिलते ही डायल 112 और स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची। मध्य प्रदेश पुलिस की टीम हर पहलू से जांच कर रही है—

तकनीकी जांच

आसपास के लोगों से पूछताछ, हर संभावित एंगल पर पड़ताल, लेकिन बंद कमरे का यह रहस्य अब तक अनसुलझा है।

मंदिर में उमड़ा जनसैलाब, हर जुबान पर एक ही सवाल

घटना के बाद मंदिर परिसर में भारी भीड़ उमड़ पड़ी है। श्रद्धालु, ग्रामीण और जिज्ञासु लोग बड़ी संख्या में पहुंच रहे हैं।

हर किसी के मन में बस एक ही सवाल गूंज रहा है—

 “आखिर संत कन्हैयालाल महाराज गए तो गए कहां?”