BIG NEWS : नीमच कांग्रेस में अनुशासन का डंडा, स्थापना दिवस पर हंगामा, अब जावद अध्यक्ष सहित दो को नोटिस, 24 घंटे का दिया अल्टीमेटम, क्या है पूरा मामला..! पढ़े इस खबर में

नीमच कांग्रेस में अनुशासन का डंडा

BIG NEWS : नीमच कांग्रेस में अनुशासन का डंडा, स्थापना दिवस पर हंगामा, अब जावद अध्यक्ष सहित दो को नोटिस, 24 घंटे का दिया अल्टीमेटम, क्या है पूरा मामला..! पढ़े इस खबर में

नीमच। कांग्रेस के 141वें स्थापना दिवस पर नीमच जिला कांग्रेस कार्यालय के बाहर हुए हंगामे और पार्टी विरोधी गतिविधियों को लेकर भारतीय युवा कांग्रेस ने कड़ा रुख अपनाया है। राष्ट्रीय कार्यालय ने अनुशासनहीनता की घटना को गंभीरता से लेते हुए नीमच जिले के दो प्रमुख पदाधिकारियों, जावद युवा कांग्रेस विधानसभा अध्यक्ष श्रवण सेन और जिला सचिव राहुल अहीर को 'कारण बताओ नोटिस' जारी किया है। यह कार्रवाई उस घटना के बाद हुई है जब 28 दिसंबर 2025 को गांधी भवन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मध्य प्रदेश युवा कांग्रेस अध्यक्ष यश लखन घनघोरिया और राष्ट्रीय महासचिव एवं मध्य प्रदेश प्रभारी शिखि सिंह चौहान की मौजूदगी में जमकर नारेबाजी और अभद्रता की गई थी।

नोटिस में स्पष्ट रूप से उल्लेख किया गया है कि इन पदाधिकारियों ने कार्यक्रम के दौरान न केवल वरिष्ठ नेताओं के साथ अमर्यादित व्यवहार किया, बल्कि मीडिया के समक्ष पार्टी नेतृत्व के विरुद्ध बयानबाजी कर सार्वजनिक रूप से संगठन विरोधी नारे भी लगाए। भारतीय युवा कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव शिखि सिंह चौहान द्वारा जारी इस नोटिस में चेतावनी दी गई है कि यह आचरण घोर अनुशासनहीनता की श्रेणी में आता है और इसके लिए उन्हें 24 घंटे के भीतर प्रदेश कार्यालय को अपना लिखित स्पष्टीकरण भेजना होगा। यदि निर्धारित समय में संतोषजनक जवाब नहीं मिलता है, तो पार्टी बिना किसी पूर्व सूचना के उन्हें पद से निलंबित या निष्कासित करने जैसी एकपक्षीय अनुशासनात्मक कार्रवाई करेगी।

इधर, युवा कांग्रेस की इस सख्ती के बाद अब मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने भी नीमच की घटनाओं पर अपनी पैनी नजर बना ली है। प्रदेश कांग्रेस ने नीमच जिला इकाई से पूरे मामले की विस्तृत रिपोर्ट और मीडिया साक्ष्य मंगवाए हैं ताकि घटना के पीछे के मुख्य कारणों और संलिप्त अन्य पदाधिकारियों की पहचान की जा सके। गौरतलब है कि हाल ही में ब्लॉक अध्यक्षों की नियुक्ति को लेकर भी कई नेताओं ने सोशल मीडिया और मीडिया के माध्यम से पार्टी के निर्णयों का विरोध किया था, जिसे प्रदेश संगठन मंत्री ने पहले ही नेतृत्व की अवहेलना करार दिया था। नीमच जिले में बढ़ती गुटबाजी और अनुशासनहीनता को देखते हुए माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में प्रदेश कांग्रेस की ओर से कुछ और नेताओं पर भी कार्रवाई की गाज गिर सकती है।