BREAKING NEWS: 24 घंटे हरित बिजली का महाप्लान! सीएम डॉ. मोहन यादव ने खोला ऊर्जा क्रांति का नया अध्याय, दुनिया भर के निवेशकों को दिया बड़ा न्योता, पढ़े खबर
भोपाल। मध्यप्रदेश अब 24 घंटे हरित ऊर्जा उपलब्ध कराने की दिशा में बड़ा कदम बढ़ा रहा है। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने बुधवार को नई दिल्ली स्थित एमपी भवन में आयोजित प्री-बिड मीटिंग को वर्चुअली संबोधित करते हुए कहा कि प्रदेश स्वच्छ और नवकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में नए अध्याय की शुरुआत कर रहा है। उन्होंने देश-विदेश के निवेशकों से मध्यप्रदेश की ऊर्जा क्रांति का भागीदार बनने का आह्वान किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि दावोस में की गई घोषणा के अनुरूप प्रदेश 24 घंटे हरित ऊर्जा उपलब्ध कराने के लक्ष्य की ओर तेजी से आगे बढ़ रहा है। राज्य सरकार निवेशकों को पारदर्शी नीतियां, त्वरित निर्णय और बेहतर अधोसंरचना उपलब्ध कराने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

डॉ. यादव ने कहा कि रीवा अल्ट्रा मेगा सोलर परियोजना ने देश में सबसे कम सौर टैरिफ स्थापित कर भारत को वैश्विक पहचान दिलाई। वहीं शाजापुर-नीमच सौर परियोजनाओं ने 2.14 रुपये प्रति यूनिट का रिकॉर्ड टैरिफ हासिल किया। हाल ही में मुरैना में चार घंटे की ऊर्जा भंडारण परियोजना के लिए 2.70 रुपये प्रति यूनिट पर पीपीए हुआ, जिसे देश की सबसे प्रतिस्पर्धी स्टोरेज परियोजनाओं में शामिल माना जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल नई परियोजनाएं स्थापित करना नहीं, बल्कि मध्यप्रदेश को हरित ऊर्जा, ऊर्जा सुरक्षा और सतत विकास के क्षेत्र में देश का अग्रणी राज्य बनाना है। उन्होंने विश्वास जताया कि 24 घंटे नवकरणीय ऊर्जा परियोजना भारत की ऊर्जा सुरक्षा और हरित विकास के लिए ऐतिहासिक साबित होगी।

बैठक में प्रदेश के नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री राकेश शुक्ला, अपर मुख्य सचिव मनु श्रीवास्तव सहित Tata Power, Reliance Energy, Torrent Power, Jindal Renewables, NTPC, Adani Green Energy, Hindustan Power और Mahindra Susten समेत कई प्रमुख कंपनियों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।